बहराइच में भेड़ियों का हमला: खेत की रखवाली कर रहे बुजुर्ग दंपती की मौत, ग्रामीणों का फूटा गुस्सा
Uttar Pradesh News 1Oct2025/sbkinews
बहराइच। कैसरगंज क्षेत्र के मंझारा तौकली गांव में मंगलवार की रात भेड़ियों के झुंड ने खेत की रखवाली कर रहे बुजुर्ग दंपती पर हमला कर उनकी जान ले ली। मृतकों की पहचान 80 वर्षीय खेदन और उनकी पत्नी मनकिया के रूप में हुई है। दोनों खेत में बने मड़हे में सो रहे थे, तभी भेड़ियों ने उन पर हमला कर दिया। सुबह तक जब दंपती घर नहीं लौटे तो परिजन खेत पहुंचे। वहां से कुछ दूरी पर उनके क्षत-विक्षत शव पड़े मिले।
घटना की सूचना पर ग्रामीणों में भारी आक्रोश फैल गया। मौके पर पहुंचे वन अधिकारी (डीएफओ) अजीत प्रताप सिंह और एसडीओ राशिद जमील के वाहनों में गुस्साए ग्रामीणों ने तोड़फोड़ कर दी। लाठी-डंडों से लैस लोगों ने वन विभाग की टीम को खदेड़ दिया। इसके बाद एएसपी सिटी रामानंद कुशवाहा, सीओ कैसरगंज और एसडीएम अखिलेश कुमार मौके पर पहुंचे और स्थिति संभाली।
इससे पहले क्षेत्र में भेड़ियों के हमले से चार बच्चों की मौत हो चुकी है, जबकि एक बच्चा अब तक लापता है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हाल ही में प्रभावित गांवों का दौरा किया था और हमलावर भेड़ियों को मारने के निर्देश दिए थे। वन विभाग ने वर्तमान में 32 टीमें लगाई हैं, लेकिन लगातार हो रहे हमलों से ग्रामीण दहशत में हैं।
लोगों का कहना है कि जब तक भेड़ियों का आतंक पूरी तरह समाप्त नहीं होता, वे खुलेआम खेतों और जंगलों में नहीं जा पाएंगे।
सरस्वती टाकीज में शो से पहले लगी आग, दो घंटे की मशक्कत के बाद काबू
Uttar Pradesh News 1Oct2025/sbkinews
उन्नाव। शहर के शुक्लागंज क्षेत्र स्थित 51 साल पुरानी सरस्वती टाकीज में मंगलवार सुबह शो शुरू होने से पहले भीषण आग लग गई। आग लगने की वजह शार्ट सर्किट बताई जा रही है। घटना सुबह लगभग 10:45 बजे हुई, जब 12 बजे का पहला शो शुरू होना था। आग की लपटों ने देखते ही देखते पूरे सिनेमा हॉल को अपनी चपेट में ले लिया। हजारों कुर्सियां, बड़े पर्दे, 16 सीसी कैमरे और लाखों रुपये का सामान जलकर खाक हो गया।
दमकल विभाग के मुख्य अग्निशमन अधिकारी अनूप सिंह ने बताया कि करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका। आग के कारण लखनऊ-कानपुर मार्ग पर करीब एक घंटे तक यातायात प्रभावित रहा। राहत की बात यह रही कि घटना के समय दर्शक मौजूद नहीं थे, वरना बड़ा हादसा हो सकता था।
टाकीज के मालिक गोपाल जायसवाल ने बताया कि सरस्वती टाकीज की शुरुआत 1974 में उनके पिता जुगुल किशोर ने की थी। यहां पहली फिल्म ‘फिर कब मिलोगी’ दिखाई गई थी। फिलहाल, टाकीज में शुक्रवार से नई फिल्म ‘मिराय’ लगाई गई थी, लेकिन आग की वजह से शो शुरू होने से पहले ही प्रदर्शन रुक गया।
प्रबंधक ओमप्रकाश मिश्र ने बताया कि टाकीज में लगे सीज फायर उपकरण आग की लपटों के सामने बेकार साबित हुए। फिलहाल नुकसान का आकलन किया जा रहा है। वहीं स्थानीय लोगों ने कहा कि शुक्लागंज की यह एकमात्र टाकीज थी, जिसका भविष्य अब संकट में है।
इस घटना ने जिलेभर में सनसनी फैला दी है। लोग अब सुरक्षा इंतजामों और पुराने सिनेमाघरों में अग्निशमन मानकों की समीक्षा की मांग कर रहे हैं।
चंदौसी में शिक्षकों का धरना मंत्री आवास से हटाकर कंपनी बाग शिफ्ट, भूख हड़ताल की चेतावनी
Uttar Pradesh News 1Oct2025/sbkinews
संभल/चंदौसी। ऑफलाइन स्थानांतरण सूची जारी करने की मांग को लेकर 25 सितंबर से माध्यमिक शिक्षा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गुलाब देवी के आवास पर धरने पर बैठे शिक्षकों को मंगलवार को प्रशासन ने हटा दिया। डीएम डॉ. राजेंद्र पैसिया और एसपी कृष्ण कुमार बिश्नोई मौके पर पहुंचे और शिक्षकों को मंत्री आवास से कुछ दूरी पर स्थित कंपनी बाग में शिफ्ट करा दिया। इस दौरान शिक्षकों और पुलिस अधिकारियों के बीच तीखी नोकझोंक भी देखने को मिली।
धरने के छठें दिन अलीगढ़ जिले के शिक्षक शुभेंद्र शरण त्रिपाठी की तबीयत बिगड़ गई, जिसके बाद चिकित्सकों ने उनका इलाज किया। इसी घटना के बाद प्रशासन ने और सख्ती दिखाई। अधिकारियों का कहना है कि किसी व्यक्ति के निजी आवास पर धरना देना अवैधानिक है और इससे स्थानीय लोगों का दैनिक जीवन प्रभावित होता है।
शिक्षक संगठन का आरोप है कि सरकार उनकी मांगों को गंभीरता से नहीं ले रही। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि 2 अक्टूबर तक ऑफलाइन तबादला सूची जारी नहीं की गई तो वे भूख हड़ताल शुरू करेंगे।
इधर, लखनऊ से मिली जानकारी के अनुसार प्रदेश के सहायताप्राप्त माध्यमिक विद्यालयों के शिक्षकों के ऑफलाइन तबादले इस सत्र में स्थगित कर दिए गए हैं। विभाग का कहना है कि बीच सत्र में तबादले से छात्रों की पढ़ाई पर असर पड़ता है। जिन शिक्षकों ने अपने विद्यालयों से एनओसी (अनापत्ति प्रमाणपत्र) प्राप्त कर लिया है, उनकी एनओसी अगले सत्र तक सुरक्षित रहेगी।
विभाग ने स्पष्ट किया है कि आगामी सत्र से केवल ऑनलाइन स्थानांतरण ही मान्य होंगे। इस फैसले से हजारों शिक्षकों की उम्मीदों को झटका लगा है, वहीं आंदोलनकारी शिक्षक अपनी मांगों पर अड़े हुए हैं।
अपराध का प्रत्यक्षदर्शी FIR कराने जरूरी नहीं, गवाही ही पर्याप्त : इलाहाबाद हाई कोर्ट
Uttar Pradesh News 1Oct2025/sbkinews
प्रयागराज। इलाहाबाद हाई कोर्ट ने एक महत्वपूर्ण फैसले में कहा है कि अपराध का प्रत्यक्षदर्शी प्राथमिकी (FIR) दर्ज कराए यह आवश्यक नहीं है, उसकी गवाही ही सजा दिलाने के लिए पर्याप्त साक्ष्य हो सकती है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि अक्सर लोग पुलिस को सूचना देने से कतराते हैं, लेकिन इससे उनकी गवाही की अहमियत कम नहीं आंकी जा सकती।
यह टिप्पणी न्यायमूर्ति राजीव गुप्ता और न्यायमूर्ति हरवीर सिंह की खंडपीठ ने जालौन जनपद के वर्ष 1982 के विवाहिता हत्या मामले की सुनवाई के दौरान की। अदालत ने इस मामले में मृतका के पति अवधेश कुमार और ससुर माता प्रसाद को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही, दोनों को बरी करने संबंधी अतिरिक्त सत्र न्यायालय का आदेश भी रद्द कर दिया गया।
मामला छह अगस्त, 1982 का है, जब कुसुमा नामक विवाहिता की हत्या कर दी गई थी। अभियोजन पक्ष ने पति और तीन अन्य को आरोपी ठहराया था। लेकिन, अतिरिक्त सत्र न्यायालय ने नवंबर 1984 में सभी को संदेह का लाभ देकर बरी कर दिया था। हाई कोर्ट ने पाया कि अभियोजन के गवाहों ने घटना से जुड़े सभी महत्वपूर्ण तथ्यों की पुष्टि की थी, केवल कुछ मामूली विरोधाभास पाए गए थे।
खंडपीठ ने कहा कि विवेचना अधिकारी द्वारा टॉर्च बरामद न किया जाना जैसे तकनीकी आधार पर गवाहों की गवाही खारिज नहीं की जा सकती। कोर्ट ने दोनों दोषियों को दो सप्ताह के भीतर समर्पण करने का निर्देश दिया है। ऐसा न करने पर सीजेएम जालौन को कार्रवाई करने के आदेश दिए गए हैं।
यह फैसला 43 साल पुराने मामले में आया है, जिसने निचली अदालतों के फैसलों पर न्यायिक समीक्षा की अहमियत को एक बार फिर रेखांकित किया है।
बरेली में तौकीर रजा के करीबी पार्षद के गैराज पर चला बुलडोजर, ताजिम पैर में गोली लगने के बाद गिरफ्तार
Uttar Pradesh News 1Oct2025/sbkinews
बरेली। उपद्रवी मौलाना तौकीर रजा की गिरफ्तारी के बाद अब प्रशासन ने उसके करीबियों पर सख्ती तेज कर दी है। मंगलवार को बरेली विकास प्राधिकरण (बीडीए) ने पार्षद उमान रजा के गैराज को ध्वस्त कर दिया। उनकी दो नवनिर्मित दुकानों को सील किया गया। वहीं, तीन साल पहले हुए दंगों में तौकीर के समर्थक रहे शराफत मियां के हमसफर बरातघर को भी सील कर दिया गया। इस कार्रवाई के दौरान इलाके में भारी सुरक्षा बल तैनात रहा और करीब पांच घंटे बाद टीम लौटी।
सोमवार की रात दिल्ली-लखनऊ हाईवे पर पुलिस ने गोतस्करी और उपद्रव के आरोपित ताजिम को मुठभेड़ में पकड़ा। मुठभेड़ में उसके पैर में गोली लगी, जिसके बाद वह पुलिस से जान की भीख मांगता नजर आया। पुलिस ने उसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया है।
जानकारी के अनुसार, अब तक 79 लोग गिरफ्तार किए जा चुके हैं। इनमें तौकीर की पार्टी इत्तेहाद-ए-मिल्लत काउंसिल (आईएमसी) के जिलाध्यक्ष शमशाद समेत 16 कार्यकर्ता भी शामिल हैं। पुलिस को पार्षद उमान रजा की भी दंगों में संलिप्तता पर संदेह है, जिसके चलते विवेचना में उनका नाम जोड़े जाने की तैयारी चल रही है।
प्रशासन ने नफीस के बेटे फरमान को भी उपद्रव फैलाने और लोगों को उकसाने का आरोपी माना है। तौकीर को शरण देने वाले फरहत के 600 वर्गगज के मकान को ढहाने की तैयारी है। हालांकि कार्रवाई से पहले मोहसिन नामक व्यक्ति ने हाइकोर्ट से स्टे ऑर्डर होने का दावा किया, जिसके बाद बीडीए ने सत्यापन तक की कार्यवाही रोकी।
प्रशासन का साफ संदेश है कि दंगा और उपद्रव में शामिल किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा। हालिया कार्रवाई से पूरे शहर में चर्चा है और समर्थक खेमों में खलबली मच गई है।
इलाज के बहाने शिक्षा विभाग कर्मचारी से ठगी और ब्लैकमेलिंग, 20 लाख की मांग
Uttar Pradesh News 1Oct2025/sbkinews
मुजफ्फरनगर। इलाज कराने पहुंचे मेरठ निवासी शिक्षा विभाग के एक कर्मचारी को झोलाछाप महिला ने जाल में फंसा लिया। महिला और उसके साथियों ने कर्मचारी को बंधक बनाकर पिटाई की, कपड़े उतरवाए और वीडियो बनाकर 20 लाख रुपये की मांग की। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने मामला दर्ज कर आरोपितों की तलाश शुरू कर दी है।
मेरठ के जागृति विहार निवासी पीड़ित कर्मचारी ने बताया कि उसके बाएं हाथ की अंगुलियां सही से काम नहीं कर रही थीं। एक सहकर्मी ने मुजफ्फरनगर के रामपुर तिराहा पर रहने वाली झोलाछाप सीमा का नंबर दिया। 28 सितंबर को जब वह इलाज के लिए पहुंचे तो सीमा उसे अपने घर ले गई। अंदर जाते ही दरवाजा बंद कर दिया और कुछ देर बाद सीमा का पति बताने वाला रियासत आया, जिसने उनकी पिटाई शुरू कर दी।
इसके बाद एक अन्य व्यक्ति वहां पहुंचा, जिसे सीमा और रियासत “वकील साहब” कहकर बुला रहे थे। तीनों ने मिलकर 20 लाख रुपये की डिमांड की। जब पीड़ित ने देने से इंकार किया तो उसके कपड़े उतरवाए गए और वीडियो बना लिया गया। सीमा ने धमकी दी कि रुपये नहीं दिए तो वीडियो इंटरनेट मीडिया पर डाल दिया जाएगा। आरोपियों ने उसका एटीएम छीनकर खाते से 10 हजार रुपये भी निकाल लिए।
घटना के बाद पीड़ित कर्मचारी ने छपार थाना पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने सीमा, रियासत और एक अन्य अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। इस घटना से क्षेत्र में सनसनी फैल गई है।
मुजफ्फरनगर में प्रेम प्रसंग को लेकर संघर्ष, चाकू घोंपकर युवक की हत्या, दो सगे भाई गिरफ्तार
Uttar Pradesh News 1Oct2025/sbkinews
मुजफ्फरनगर। जिले में रामलीला देखकर लौट रहे युवकों के बीच हुए विवाद ने खूनी संघर्ष का रूप ले लिया। इस दौरान एक गुट ने 19 वर्षीय युवक शिवा की चाकू घोंपकर हत्या कर दी जबकि उसका साथी रितिक गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस ने नामजद दो सगे भाइयों को गिरफ्तार कर लिया है।
घटना सोमवार देर रात करीब 12 बजे ग्रीन चैंबर स्कूल के पास हुई। शिवपुरी कालोनी निवासी शिवा पुत्र धर्मेंद्र रामलीला देखकर लौट रहा था। तभी भोपा पुल के नीचे दोनों गुटों में झगड़ा शुरू हो गया। आरोप है कि ग्राम कूकड़ा निवासी राजीव व हिमांशु ने अपने साथियों के साथ मिलकर शिवा पर चाकू से हमला कर दिया। शिवा के पेट में सीधे चाकू घोंपा गया जबकि उसके साथी रितिक के कान और गर्दन पर वार किए गए। दोनों को जिला अस्पताल पहुंचाया गया, जहां शिवा की मौत हो गई।
बताया जाता है कि मृतक शिवा तीन बहनों का इकलौता भाई था। उसकी मौत से परिवार में कोहराम मच गया। घटना की जानकारी पर एसएसपी संजय कुमार वर्मा, एसपी सिटी सत्यनारायण प्रजापत सहित पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे और जांच की। मृतक के पिता धर्मेंद्र की तहरीर पर दो नामजद समेत चार अज्ञात आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ है।
पुलिस जांच में सामने आया कि हत्या के पीछे एक युवती से प्रेम प्रसंग कारण था। राजीव का शिवपुरी कालोनी की युवती से संबंध था, जिससे शिवा नाखुश था। इसी रंजिश को लेकर दोनों पक्षों में विवाद हुआ, जो बढ़कर हत्या तक पहुंच गया। फिलहाल राजीव और हिमांशु को गिरफ्तार कर लिया गया है, बाकी आरोपियों की तलाश जारी है।


